24 may 2026
देहरादून में रिस्पना नदी पर लगातार बढ़ रहे अतिक्रमण को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। सोमवार सुबह नगर निगम, एमडीडीए, सिंचाई विभाग और जिला प्रशासन की संयुक्त टीम भारी पुलिस बल के साथ नदी किनारे पहुंची, जहां अवैध निर्माणों पर बुलडोजर चलाकर बड़ी कार्रवाई की गई। अचानक शुरू हुई इस कार्रवाई से आसपास के इलाकों में हड़कंप की स्थिति बन गई और बड़ी संख्या में लोग मौके पर जमा हो गए।
प्रशासन की टीम ने नदी के बहाव क्षेत्र में बनाए गए अस्थायी मकानों, टीन शेड, पक्की दीवारों और अवैध दुकानों को हटाया। अधिकारियों का कहना है कि रिस्पना नदी का प्राकृतिक स्वरूप लगातार सिकुड़ता जा रहा था, जिससे बरसात के दौरान जलभराव और बाढ़ जैसी स्थिति बनने का खतरा बढ़ रहा था। कई बार चेतावनी और नोटिस देने के बावजूद कब्जे नहीं हटाए गए, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई।
कार्रवाई के दौरान कुछ लोगों ने विरोध भी जताया, लेकिन भारी पुलिस फोर्स की मौजूदगी के चलते स्थिति नियंत्रण में रही। प्रशासन ने साफ किया कि नदी क्षेत्र में किसी भी तरह का अवैध निर्माण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अधिकारियों के मुताबिक यह अभियान सिर्फ एक दिन की कार्रवाई नहीं है, बल्कि आने वाले दिनों में रिस्पना और बिंदाल नदी के किनारे बने अन्य अतिक्रमणों पर भी लगातार कार्रवाई जारी रहेगी।
स्थानीय प्रशासन का कहना है कि सरकार रिस्पना नदी पुनर्जीवन परियोजना को तेजी से आगे बढ़ाना चाहती है। इसी योजना के तहत नदी क्षेत्र को अतिक्रमण मुक्त करने पर जोर दिया जा रहा है ताकि भविष्य में जल निकासी व्यवस्था बेहतर हो सके और पर्यावरण संतुलन बना रहे।
इस बुलडोजर कार्रवाई के बाद नदी किनारे रहने वाले लोगों में डर और अनिश्चितता का माहौल है। वहीं शहर के कई लोगों ने प्रशासन के इस कदम को जरूरी बताते हुए कहा कि यदि समय रहते अतिक्रमण नहीं हटाया गया तो देहरादून को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है।

