5 august 2026 ; Dehradun।
देहरादून/चकराता। उत्तराखंड के चकराता क्षेत्र के लिए गर्व का क्षण तब आया, जब यहां के युवा छात्र लकी रावत का चयन अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक एवं शैक्षिक अभियान “आइस ब्रेकर ऑफ नॉलेज” के लिए हुआ। इस प्रतिष्ठित वैश्विक अभियान में वह भारत की ओर से चुने गए एकमात्र छात्र हैं। उनकी इस उपलब्धि ने न केवल उत्तराखंड बल्कि पूरे देश का मान बढ़ाया है।
रूस के मुरमान्स्क शहर से शुरू हुए दस दिवसीय इस विशेष अभियान में दुनिया के 22 देशों के 14 से 16 वर्ष आयु वर्ग के छात्र भाग ले रहे हैं। अभियान के दौरान सभी प्रतिभागी विश्व के सबसे शक्तिशाली न्यूक्लियर आइसब्रेकर जहाज “50 लेट पोबेडी” पर सवार होकर उत्तरी ध्रुव के 90 डिग्री उत्तरी अक्षांश तक की ऐतिहासिक यात्रा करेंगे। यह अवसर दुनिया के बेहद सीमित लोगों को ही मिल पाता है, ऐसे में लकी का इस दल का हिस्सा बनना अपने आप में बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।
लकी रावत ने बताया कि इस अभियान के लिए चयन आसान नहीं था। उन्हें तीन चरणों वाली कठिन चयन प्रक्रिया और ऑनलाइन परीक्षाओं से गुजरना पड़ा, जिसके बाद भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए उनका चयन किया गया। उन्होंने कहा कि वैश्विक स्तर पर अपने देश का प्रतिनिधित्व करना उनके लिए गर्व और जिम्मेदारी दोनों है। उनका मानना है कि यह अनुभव विज्ञान, अनुसंधान और अंतरराष्ट्रीय सहयोग के क्षेत्र में आगे बढ़ने की नई प्रेरणा देगा।
इस वैज्ञानिक अभियान का उद्देश्य युवाओं को आर्कटिक क्षेत्र, जलवायु परिवर्तन, ध्रुवीय पारिस्थितिकी, समुद्री विज्ञान और वैज्ञानिक अनुसंधान की वास्तविक परिस्थितियों से परिचित कराना है। साथ ही विभिन्न देशों के छात्रों के बीच ज्ञान, अनुभव और सांस्कृतिक आदान-प्रदान को बढ़ावा देना भी इस पहल का प्रमुख लक्ष्य है।
चकराता निवासी लकी रावत वर्तमान में सेपियंस स्कूल में कक्षा 10 के छात्र हैं। पढ़ाई के साथ-साथ वे जूडो खेल में भी सक्रिय हैं और कई प्रतियोगिताओं में अपनी प्रतिभा दिखा चुके हैं। उनके पिता राम सिंह ने बेटे की इस उपलब्धि पर खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि कठिन चयन प्रक्रिया पार कर भारत का प्रतिनिधित्व करना पूरे परिवार के लिए गर्व और सम्मान का विषय है।
लकी रावत की यह सफलता उत्तराखंड के युवाओं के लिए प्रेरणा बनकर उभरी है। यह उपलब्धि साबित करती है कि छोटे शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों के छात्र भी अपनी प्रतिभा और मेहनत के दम पर अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंच सकते हैं।

