1 august 2026 ; Dehradun।
ऋषिकेश में पहाड़ों पर हो रही लगातार बारिश का असर अब गंगा के जलस्तर पर दिखाई देने लगा है। शुक्रवार को गंगा का पानी चेतावनी निशान 339.50 मीटर को पार कर गया, जिसके बाद त्रिवेणी घाट पर बने तीन प्लेटफॉर्म में से दो पूरी तरह जलमग्न हो गए। जलस्तर बढ़ने से घाट क्षेत्र में सतर्कता बढ़ा दी गई और प्रशासन व पुलिस की टीमें लगातार हालात पर नजर बनाए रहीं।
मानसून शुरू होने के बाद यह पहला मौका रहा जब ऋषिकेश में गंगा चेतावनी रेखा के ऊपर पहुंची। इससे पहले कई बार नदी का जलस्तर चेतावनी निशान के करीब पहुंचा था, लेकिन सीमा पार नहीं हुई थी। शुक्रवार दोपहर करीब 12 बजे के बाद गंगा के पानी में तेजी से बढ़ोतरी दर्ज की गई।
गंगा में चेतावनी स्तर 339.50 मीटर निर्धारित है, जबकि खतरे का निशान 340.50 मीटर पर है। जलस्तर बढ़ने के बाद घाटों पर आवाजाही को लेकर विशेष निगरानी रखी गई। प्रशासन ने लोगों से नदी किनारे सतर्क रहने और किसी भी जोखिम वाली जगह पर जाने से बचने की अपील की।
हालांकि, शाम तक स्थिति में सुधार देखने को मिला और गंगा का जलस्तर चेतावनी निशान से नीचे आ गया। इसके बावजूद पहाड़ी क्षेत्रों में जारी बारिश को देखते हुए प्रशासन ने निगरानी जारी रखी है, ताकि किसी भी आपात स्थिति से समय रहते निपटा जा सके।

