31 july 2026 ; Dehradun!
नई दिल्ली/सहारनपुर। करीब 12 हजार करोड़ रुपये की लागत से तैयार किए गए दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के कुछ हिस्सों में निर्माण गुणवत्ता को लेकर सवाल उठने लगे हैं। हाल ही में सामने आई जानकारी के अनुसार, बिहारीगढ़ फ्लाईओवर की एप्रोच रोड कई स्थानों पर धंस गई है, जिससे सड़क की ऊपरी परत उखड़कर बजरी सड़क पर फैलने लगी है। इससे तेज रफ्तार वाहनों के फिसलने और दुर्घटना की आशंका बढ़ गई है।
बताया जा रहा है कि सड़क धंसने के कारण वाहन चालकों को भी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। यदि समय रहते मरम्मत नहीं की गई, तो लगातार बढ़ता नुकसान यातायात सुरक्षा के लिए गंभीर चुनौती बन सकता है। स्थानीय स्तर पर लोगों ने भी निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए जल्द सुधार की मांग की है।
वहीं, बड़गांव इंटरचेंज के फ्लाईओवर में भी पहली ही बारिश के दौरान तकनीकी खामियां सामने आई हैं। फ्लाईओवर के गर्डरों के बीच बनाए गए लेंटर से पानी का रिसाव देखा गया है। इसके अलावा कुछ स्थानों पर दरारें दिखाई देने की भी जानकारी मिली है, जिससे निर्माण की मजबूती को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं।
गौरतलब है कि इस एक्सप्रेसवे का लोकार्पण इसी वर्ष अप्रैल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया था। इसे दिल्ली और देहरादून के बीच यात्रा को तेज, सुरक्षित और सुविधाजनक बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण परियोजना माना गया था। लेकिन शुरुआती महीनों में ही सामने आई इन खामियों ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
अब लोगों की नजर संबंधित विभाग और निर्माण एजेंसी पर है कि वे इन कमियों को कितनी जल्दी दूर करते हैं, ताकि एक्सप्रेसवे पर सफर पूरी तरह सुरक्षित और सुगम बनाया जा सके।

