14 august 2026 ; Dehradun।
चमोली। मायापुर (पीपलकोटी) क्षेत्र में टीएचडीसी की निर्माणाधीन टनल में हुए हादसे के बाद राहत और बचाव अभियान को लेकर प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पीपलकोटी स्थित टीएचडीसी गेस्ट हाउस में अधिकारियों के साथ बैठक कर घटनास्थल की मौजूदा स्थिति और रेस्क्यू ऑपरेशन की प्रगति की विस्तार से जानकारी ली।
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने टनल के भीतर फंसे तीन लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने को अभियान की सबसे बड़ी प्राथमिकता बताया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि बचाव कार्य में किसी भी स्तर पर ढिलाई न हो और उपलब्ध मशीनरी, संसाधनों तथा तकनीकी विशेषज्ञों की मदद से अभियान को अधिक प्रभावी और तेज बनाया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि रेस्क्यू ऑपरेशन में लगी सभी एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल बेहद जरूरी है। उन्होंने एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, आईटीबीपी, पुलिस, जिला प्रशासन और टीएचडीसी की टीमों को आपसी समन्वय के साथ काम करने के निर्देश दिए। साथ ही बचाव दल के सदस्यों की सुरक्षा को भी अभियान का अहम हिस्सा मानते हुए टनल की स्थिति का आकलन लगातार करते रहने को कहा।
अधिकारियों को टनल के अंदर की तकनीकी परिस्थितियों पर लगातार नजर रखने, पानी की निकासी को सुचारु बनाए रखने और मलबा हटाने की प्रक्रिया को सुरक्षित तरीके से आगे बढ़ाने के निर्देश दिए गए। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि राहत कार्य के दौरान हर कदम तकनीकी सुरक्षा मानकों को ध्यान में रखकर उठाया जाए, ताकि रेस्क्यू टीमों को किसी प्रकार का अतिरिक्त जोखिम न हो।
हादसे में जान गंवाने वाले लोगों के परिवारों को लेकर भी मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मृतकों के आश्रितों को नियमों के तहत मिलने वाली मुआवजा राशि और अन्य सहायता जल्द उपलब्ध कराई जाए। वहीं घायल लोगों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने तथा प्रभावित परिवारों को प्रशासन की ओर से हरसंभव सहयोग देने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में जनपद प्रभारी मंत्री भरत चौधरी, थराली विधायक भूपाल राम टम्टा, जिला पंचायत अध्यक्ष दौलत सिंह बिष्ट, सचिव आपदा विनोद कुमार सुमन, गढ़वाल आयुक्त आनंद स्वरूप, आईजी गढ़वाल राजीव स्वरूप, जिलाधिकारी गौरव कुमार और पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार समेत जनप्रतिनिधि एवं संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
फिलहाल प्रशासन और विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों की टीमें टनल में फंसे तीन लोगों तक पहुंचने तथा उन्हें सुरक्षित बाहर निकालने के प्रयास में जुटी हैं। अभियान की प्रगति पर लगातार नजर रखी जा रही है और परिस्थितियों के अनुसार रेस्क्यू रणनीति में आवश्यक बदलाव किए जा रहे हैं।

