11 june 2026
नैनीताल। कैंची धाम आने-जाने वाले श्रद्धालुओं और अल्मोड़ा-हल्द्वानी राष्ट्रीय मार्ग पर सफर करने वाले यात्रियों के लिए राहत भरी खबर है। लंबे समय से जाम की समस्या से जूझ रहे इस क्षेत्र में शिप्रा नदी पर बैली ब्रिज का निर्माण कार्य पूरा हो गया है। प्रशासन ने गुरुवार शाम से इस पुल पर वाहनों की आवाजाही शुरू करने की तैयारी कर ली है।
बाईपास मार्ग से कम होगा ट्रैफिक दबाव
कैंची क्षेत्र में बढ़ती वाहनों की संख्या के कारण अक्सर लंबा जाम लग जाता था, जिससे स्थानीय लोगों, पर्यटकों और श्रद्धालुओं को परेशानी का सामना करना पड़ता था। इस समस्या के समाधान के लिए सैनिटोरियम से पाडली तक लगभग 18 किलोमीटर लंबे बाईपास मार्ग का निर्माण कराया गया है। इसी परियोजना के तहत शिप्रा नदी पर बैली ब्रिज बनाया गया है, जो अब पूरी तरह तैयार हो चुका है।
यात्रा होगी अधिक सुगम
नए पुल के शुरू होने से वाहनों को वैकल्पिक मार्ग मिलेगा, जिससे कैंची धाम और मुख्य हाईवे पर ट्रैफिक का दबाव कम होने की उम्मीद है। विशेष रूप से पर्यटन सीजन और सप्ताहांत के दौरान लगने वाले जाम में काफी राहत मिल सकती है। इससे हल्द्वानी, भवाली, कैंची और अल्मोड़ा के बीच यात्रा पहले की तुलना में अधिक सुगम और तेज होगी।
विकास कार्य अभी भी जारी
बाईपास मार्ग के निर्माण के बाद अब दूसरे चरण के तहत सड़क सुरक्षा से जुड़े कार्य किए जा रहे हैं। इनमें सुरक्षात्मक दीवारें, नालियां और कलमठ निर्माण शामिल हैं। संबंधित विभाग के अनुसार इन कार्यों पर करोड़ों रुपये की लागत से काम जारी है ताकि मार्ग को पूरी तरह सुरक्षित और टिकाऊ बनाया जा सके।
स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं में खुशी
क्षेत्रवासियों का मानना है कि बैली ब्रिज और बाईपास मार्ग के शुरू होने से न केवल यातायात व्यवस्था सुधरेगी, बल्कि पर्यटन और स्थानीय व्यापार को भी बढ़ावा मिलेगा। कैंची धाम आने वाले श्रद्धालुओं को अब जाम में घंटों फंसने की समस्या से काफी हद तक राहत मिलने की उम्मीद है।
गुरुवार शाम से पुल पर आवाजाही शुरू होने के साथ ही क्षेत्र की यातायात व्यवस्था में एक महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिल सकता है।

