देहरादून ; 02.092026।
लक्ष्मणझूला। पर्वतीय क्षेत्रों में लगातार हो रही भारी बारिश ने जनजीवन की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। तेज बारिश के चलते लक्ष्मणझूला-नीलकंठ मोटर मार्ग पर फूलचट्टी पटना वॉटरफॉल के पास सुरंगीभेल क्षेत्र में बुधवार तड़के पहाड़ी से भारी मलबा सड़क पर आ गिरा। अचानक सड़क बंद होने से दोनों ओर वाहनों की कतार लग गई और पर्वतीय क्षेत्रों से ऋषिकेश आने-जाने वाला यातायात प्रभावित हो गया।
बताया गया कि बुधवार सुबह करीब पांच बजे लक्ष्मणझूला डीएम कैंप कार्यालय से लगभग 14 किलोमीटर की दूरी पर सड़क पर मलबा गिरा। मलबा इतना अधिक था कि कांड़ी, यमकेश्वर और सिलोगी मोटर मार्ग से आने-जाने वाले वाहनों के साथ ही नीलकंठ धाम जाने वाले यात्रियों को भी रास्ते में रुकना पड़ा। कई यात्री और स्थानीय लोग काफी देर तक सड़क खुलने का इंतजार करते रहे।
सफाई के दौरान फिर दरकी पहाड़ी, मलबे में दबी जेसीबी
सड़क बंद होने की जानकारी स्थानीय लोगों ने लोक निर्माण विभाग दुगड्डा उपखंड कार्यालय, लक्ष्मणझूला को दी। सूचना मिलते ही विभागीय टीम मौके पर पहुंची और जेसीबी की सहायता से सड़क से मलबा हटाने का काम शुरू किया। हालांकि सफाई के दौरान स्थिति उस समय और चुनौतीपूर्ण हो गई, जब पहाड़ी से अचानक दोबारा मलबा नीचे आ गया।
अचानक हुए भूस्खलन की चपेट में जेसीबी मशीन भी आ गई और मलबे में दब गई। गनीमत रही कि मशीन पर मौजूद ऑपरेटर ने समय रहते छलांग लगाकर खुद को सुरक्षित कर लिया। मलबा गिरने से जेसीबी मशीन भी क्षतिग्रस्त हो गई और उसका ब्रेकडाउन हो गया। इसके बाद सड़क खोलने का काम और कठिन हो गया।
दोपहर ढाई बजे खुल सका मार्ग
विभागीय कर्मचारियों ने कड़ी मशक्कत के बाद सड़क से मलबा हटाने का काम जारी रखा। करीब साढ़े नौ घंटे की मेहनत के बाद दोपहर लगभग 2:30 बजे मोटर मार्ग पर यातायात दोबारा शुरू कराया जा सका। रास्ता खुलने के बाद सड़क के दोनों ओर फंसे वाहनों को धीरे-धीरे आगे रवाना किया गया।
लोक निर्माण विभाग दुगड्डा उपखंड लक्ष्मणझूला के अवर अभियंता शशि प्रकाश ने बताया कि फिलहाल यातायात बहाल कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि मलबा गिरने के कारण सड़क के कुछ हिस्से में अतिरिक्त कटिंग की जरूरत है। वाहनों का दबाव कम होते ही सड़क को सुरक्षित बनाने के लिए कटिंग का काम भी तेज किया जाएगा।
घंटों परेशान रहे यात्री और ग्रामीण
मोटर मार्ग बंद होने का सबसे ज्यादा असर उन यात्रियों पर पड़ा, जो नीलकंठ धाम की ओर जा रहे थे। सुबह से ही रास्ता बंद होने के कारण उन्हें कई घंटे सड़क खुलने का इंतजार करना पड़ा। मार्ग बहाल होने के बाद यात्रियों ने राहत की सांस ली।
वहीं पर्वतीय क्षेत्रों से रोजमर्रा की जरूरतों का सामान खरीदने ऋषिकेश आने वाले ग्रामीण भी मार्ग बंद होने से परेशान रहे। सामान्य दिनों में पर्वतीय रूटों से आने वाले वाहन सुबह करीब नौ बजे तक ऋषिकेश पहुंच जाते हैं और दोपहर करीब एक बजे अपने-अपने गंतव्य की ओर वापस रवाना होते हैं। लेकिन बुधवार को मलबा गिरने के कारण वाहनों को लंबे समय तक मार्ग में ही रुकना पड़ा।
टैक्सी संचालन भी रहा प्रभावित
मोटर मार्ग पर यातायात बाधित होने का असर लक्ष्मणझूला टूरिस्ट टैक्सी ऑनर्स एसोसिएशन के वाहनों पर भी पड़ा। सड़क बंद रहने तक नीलकंठ धाम की ओर जाने वाली टैक्सियों का संचालन प्रभावित रहा। मार्ग साफ होने और यातायात बहाल किए जाने के बाद ही टैक्सी यूनियन ने नीलकंठ धाम के लिए वाहनों की आवाजाही दोबारा शुरू की।
लगातार बारिश के बीच पहाड़ी से बार-बार मलबा आने की घटना ने इस मार्ग पर सफर करने वाले लोगों की चिंता भी बढ़ा दी है। विभाग की ओर से सड़क को सुरक्षित रखने के लिए आगे भी निगरानी और आवश्यक कार्य किए जाने की बात कही गई है।

