देहरादून ; 27.08.2026,
रुद्रपुर। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रुद्रपुर स्थित एक निजी विद्यालय में आयोजित ‘मुख्यमंत्री युवा विद्यार्थी मंथन’ कार्यक्रम में विद्यार्थियों के साथ संवाद किया। ‘मेरे सपनों का उत्तराखण्ड’ विषय पर हुए इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने छात्र-छात्राओं से प्रदेश के भविष्य, शिक्षा, रोजगार और विकास को लेकर उनकी सोच जानी और उनके सुझावों पर चर्चा की।
कार्यक्रम में विभिन्न विद्यालयों के करीब 800 छात्र-छात्राओं और शिक्षकों ने हिस्सा लिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं की कल्पनाशीलता और उनके विचार उत्तराखण्ड के विकास के लिए महत्वपूर्ण आधार बन सकते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि वे अपने लक्ष्य को केवल व्यक्तिगत सफलता तक सीमित न रखें, बल्कि समाज और प्रदेश के विकास में भी अपनी भूमिका तय करें।
शिक्षा के साथ कौशल और रोजगार पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता प्रदेश के युवाओं को बेहतर शिक्षा के साथ रोजगार, कौशल विकास, नवाचार और उद्यमिता के अवसर उपलब्ध कराना है। उनका कहना था कि आने वाले समय में उत्तराखण्ड की दिशा तय करने में युवा पीढ़ी की भागीदारी अहम होगी।
उन्होंने ‘विकसित भारत–विकसित उत्तराखण्ड’ के लक्ष्य का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रदेश में पर्यटन, कृषि, खेल, तकनीक, विज्ञान, रोजगार और नवाचार जैसे क्षेत्रों को मजबूत करने के लिए विभिन्न स्तरों पर काम किया जा रहा है। युवाओं की प्रतिभा को सही मंच और अवसर मिलने पर उत्तराखण्ड आत्मनिर्भरता की दिशा में और तेजी से आगे बढ़ सकता है।
विज्ञान और तकनीक में युवाओं के लिए नए अवसर
मुख्यमंत्री ने विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में विद्यार्थियों की रुचि बढ़ाने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। उन्होंने बताया कि देहरादून में देश की पांचवीं सबसे बड़ी साइंस सिटी का निर्माण किया गया है। इसका उद्देश्य प्रदेश के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में सीखने, प्रयोग करने तथा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध कराना है।
उन्होंने नेतृत्व क्षमता को लेकर भी विद्यार्थियों से संवाद किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि लीडरशिप केवल राजनीति तक सीमित नहीं है। खेल, चिकित्सा, विज्ञान, मीडिया, उद्योग और अन्य क्षेत्रों में अपने काम से नई दिशा देने वाला प्रत्येक व्यक्ति नेतृत्व का उदाहरण बन सकता है।
2.67 लाख से अधिक विद्यार्थियों ने साझा किए सपने
मुख्यमंत्री ने ‘मेरे सपनों का उत्तराखण्ड’ अभियान को विद्यार्थियों से मिले व्यापक समर्थन पर प्रसन्नता जताई। उन्होंने बताया कि अभियान के तहत प्रदेशभर से 2,67,744 विद्यार्थियों ने अपने निबंध और विचार साझा किए हैं। इन विचारों में युवाओं की उत्तराखण्ड को लेकर उम्मीदों, विकास की प्राथमिकताओं और भविष्य की कल्पनाओं की झलक दिखाई देती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विद्यार्थियों के इन विचारों को केवल प्रतियोगिता तक सीमित नहीं रखा जाना चाहिए, बल्कि इनमें सामने आए उपयोगी सुझावों को प्रदेश के विकास की व्यापक सोच से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जागरूक और जिम्मेदार युवा ही मजबूत एवं विकसित उत्तराखण्ड की आधारशिला रख सकते हैं।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का जवाब देते हुए उनका मार्गदर्शन किया और उनके उत्साह की सराहना की। उन्होंने युवाओं से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प के साथ जुड़कर राष्ट्र और उत्तराखण्ड की प्रगति में योगदान देने का आह्वान किया। इस अवसर पर उन्होंने सभी को रक्षाबंधन पर्व की शुभकामनाएं भी दीं।

