देहरादून ; 5 नवम्बर 2026,
चमोली। उत्तराखंड के प्रमुख धार्मिक और पर्यटन स्थलों पर पहुंचने वाले लोगों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से चमोली जिले के ग्राम वाण में आधुनिक पार्किंग विकसित करने की तैयारी की जा रही है। इस परियोजना के पूरा होने के बाद यहां आने वाले श्रद्धालुओं, पर्यटकों और ट्रेकर्स को अपने वाहन खड़े करने के लिए व्यवस्थित स्थान मिल सकेगा। प्रस्तावित योजना पर करीब 1 करोड़ 36 लाख 36 हजार रुपये खर्च किए जाएंगे।
आवास विभाग की इस परियोजना के अंतर्गत लगभग 2,300 वर्गमीटर क्षेत्र में सरफेस पार्किंग का निर्माण प्रस्तावित है। इसमें एक समय पर करीब 84 वाहनों को खड़ा किया जा सकेगा। पार्किंग परिसर को केवल वाहन खड़े करने तक सीमित नहीं रखा जाएगा, बल्कि यहां यात्रियों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए शौचालय ब्लॉक और सुरक्षा व्यवस्था के लिए गार्ड रूम भी बनाया जाएगा।
आवास सचिव डॉ. आर. राजेश कुमार ने जानकारी दी कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के दिशा-निर्देशों के अनुरूप प्रदेश के धार्मिक एवं पर्यटन महत्व वाले क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने पर काम किया जा रहा है। इसी क्रम में ग्राम वाण में पार्किंग निर्माण की योजना तैयार की गई है। इसका उद्देश्य बढ़ती पर्यटक आवाजाही के बीच स्थानीय स्तर पर यातायात और जनसुविधाओं को व्यवस्थित करना है।
समुद्र तल से करीब 2,400 मीटर की ऊंचाई पर स्थित वाण गांव भौगोलिक, धार्मिक और पर्यटन की दृष्टि से विशेष पहचान रखता है। यह क्षेत्र विश्वप्रसिद्ध नंदा राजजात यात्रा का प्रमुख पड़ाव है। इसके अलावा मोटर मार्ग का अंतिम स्टेशन होने के कारण यहां से आगे की यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए भी यह महत्वपूर्ण केंद्र है। गांव में स्थित लाटू देवता मंदिर में सालभर भक्तों का पहुंचना जारी रहता है। विशेष धार्मिक अवसरों और नंदा राजजात यात्रा के दौरान यहां बड़ी संख्या में लोगों की आवाजाही होती है।
वाण गांव की अहमियत धार्मिक पर्यटन के साथ-साथ साहसिक पर्यटन से भी जुड़ी है। प्रसिद्ध रूपकुंड और बेदनी बुग्याल की ओर जाने वाले ट्रेकर्स के लिए यह एक महत्वपूर्ण शुरुआती पड़ाव और आधार शिविर के रूप में जाना जाता है। देश के अलग-अलग हिस्सों के अलावा विदेशों से भी प्रकृति प्रेमी और पर्वतारोहण एवं ट्रेकिंग के शौकीन इस क्षेत्र में पहुंचते हैं। पर्यटकों की बढ़ती संख्या के साथ वाहनों का दबाव भी बढ़ रहा है, जिसके चलते मौजूदा पार्किंग व्यवस्था कई बार अपर्याप्त साबित होती है।
विशेषकर पर्यटन सीजन और धार्मिक आयोजनों के समय सड़क किनारे वाहनों की अव्यवस्थित पार्किंग से आवागमन प्रभावित होने की स्थिति बन जाती है। प्रस्तावित पार्किंग इस समस्या को कम करने में मददगार हो सकती है। 84 वाहनों के लिए निर्धारित स्थान उपलब्ध होने से सड़क पर बेतरतीब तरीके से गाड़ियां खड़ी करने की जरूरत कम होगी। इससे स्थानीय ग्रामीणों के आवागमन के साथ ही पर्यटकों की आवाजाही भी अधिक व्यवस्थित हो सकेगी।
परियोजना में शौचालय ब्लॉक को शामिल करना भी यात्रियों की सुविधा के लिहाज से महत्वपूर्ण है। पहाड़ी क्षेत्र में लंबी दूरी तय करके पहुंचने वाले परिवारों, महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों को इससे राहत मिलेगी। वहीं गार्ड रूम बनने से पार्किंग स्थल की निगरानी, सुरक्षा और नियमित रखरखाव की व्यवस्था को बेहतर बनाने में सहायता मिलेगी।
इस परियोजना का लाभ केवल वाण गांव तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि आसपास के पर्यटन और धार्मिक गतिविधियों से जुड़े क्षेत्रों को भी इसका फायदा मिलने की उम्मीद है। व्यवस्थित पार्किंग उपलब्ध होने से यात्रियों को वाहन खड़ा करने में कम परेशानी होगी और क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों के संचालन को भी सुविधा मिलेगी।
उत्तराखंड में धार्मिक यात्राओं और ट्रेकिंग स्थलों पर पर्यटकों की बढ़ती आवाजाही को देखते हुए आधारभूत सुविधाओं का विकास महत्वपूर्ण होता जा रहा है। ग्राम वाण में प्रस्तावित पार्किंग इसी जरूरत को ध्यान में रखकर तैयार की गई योजना है। इसके माध्यम से नंदा राजजात यात्रा, लाटू देवता मंदिर और रूपकुंड-बेदनी बुग्याल मार्ग पर आने वाले लोगों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है।

