8 may 2026
Adi Kailash Yatra आज से आधिकारिक रूप से शुरू हो गई है। उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले में स्थित आदि कैलाश और ओम पर्वत के दर्शन के लिए देशभर से श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। यात्रा के पहले दिन हल्द्वानी, टनकपुर और धारचूला से कई श्रद्धालु जत्थों को रवाना किया गया।
पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बदलते मौसम के बीच भी यात्रियों का उत्साह कम नहीं दिखा। सुबह कई इलाकों में हल्की बारिश और ठंडी हवाएं चलीं, लेकिन प्रशासन ने यात्रा मार्ग खुले रखने के लिए टीमें तैनात कर दी हैं। यात्रियों को ऊंचाई वाले क्षेत्रों में सावधानी बरतने और जरूरी दवाइयां साथ रखने की सलाह दी गई है।
प्रशासन ने यात्रा मार्ग पर मेडिकल कैंप, पुलिस सहायता केंद्र और आपदा राहत टीमें सक्रिय कर दी हैं। संवेदनशील इलाकों में SDRF और स्थानीय प्रशासन लगातार निगरानी कर रहे हैं। यात्रा के दौरान स्वास्थ्य जांच भी अनिवार्य रखी गई है ताकि ऊंचाई वाले क्षेत्रों में किसी यात्री को परेशानी न हो।
यात्रा शुरू होने से स्थानीय होटल, होमस्टे, टैक्सी और छोटे व्यापारियों में भी उत्साह है। माना जा रहा है कि इस वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालु आने से सीमांत क्षेत्रों के पर्यटन और रोजगार को फायदा मिलेगा।
आदि कैलाश को भगवान शिव का पवित्र धाम माना जाता है। इसे “छोटा कैलाश” भी कहा जाता है। यहां स्थित ओम पर्वत की प्राकृतिक आकृति श्रद्धालुओं के लिए विशेष आस्था का केंद्र है। हर साल हजारों श्रद्धालु कठिन पहाड़ी रास्तों को पार कर यहां दर्शन के लिए पहुंचते हैं।

