देहरादून ; 10.09.2026।
हल्द्वानी। उत्तराखंड के हल्द्वानी में राष्ट्रभक्ति और सैनिक सम्मान से जुड़ा कार्यक्रम भावनात्मक माहौल के बीच संपन्न हुआ। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन के साथ शहीद स्मारक पहुंचकर देश की रक्षा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले अमर शहीदों को पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। इस दौरान शहीदों के त्याग और उनके परिवारों के प्रति सम्मान को राष्ट्र की सामूहिक जिम्मेदारी बताते हुए सैनिक कल्याण से जुड़े संकल्पों को प्रमुखता से रखा गया।
शहीद स्मारक पर श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद आयोजित गौरव सेनानी मिलन समारोह में पूर्व सैनिकों से संवाद किया गया। कार्यक्रम में सैनिकों और पूर्व सैनिकों के योगदान को याद करते हुए कहा गया कि सीमाओं की सुरक्षा से लेकर राष्ट्र निर्माण तक सैन्य परिवारों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। सरकार का प्रयास है कि देश की सुरक्षा में अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले जवानों तथा उनके परिजनों को सम्मान, सुविधाएं और सहायता उपलब्ध कराने में किसी तरह की कमी न रहे।
इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश की रक्षा व्यवस्था में हो रहे बदलावों का भी उल्लेख किया गया। सेना को आधुनिक तकनीक से लैस करने, रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता बढ़ाने और सुरक्षा क्षमताओं को मजबूत करने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों को देश की सामरिक मजबूती से जोड़कर देखा गया।
शहीद सैनिकों के परिवारों को मिलने वाली अनुग्रह राशि में उल्लेखनीय वृद्धि को भी सैनिक परिवारों के प्रति सरकार की संवेदनशीलता का उदाहरण बताया गया। अनुग्रह राशि को 10 लाख रुपये से बढ़ाकर 50 लाख रुपये किए जाने का उल्लेख करते हुए कहा गया कि बलिदान की भरपाई किसी आर्थिक सहायता से संभव नहीं है, लेकिन सरकार की जिम्मेदारी है कि शहीद परिवारों को कठिन परिस्थितियों में मजबूत सहारा मिले और उनके सम्मान में कोई कमी न आए।
पंत पार्क में पं. गोविंद बल्लभ पंत को किया नमन
कार्यक्रम से पहले पंत पार्क में ‘भारत रत्न’ पंडित गोविंद बल्लभ पंत की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की गई। उत्तराखंड के विकास और देश के सार्वजनिक जीवन में पंडित पंत के योगदान को स्मरण करते हुए उनकी विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाने की आवश्यकता पर जोर दिया गया।
इसी क्रम में पंत पार्क में उनकी प्रतिमा की स्थापना से जुड़े कार्यों के लिए 10 लाख रुपये देने की घोषणा भी की गई। इस पहल को क्षेत्र के इतिहास, स्वतंत्रता आंदोलन और उत्तराखंड के प्रमुख राष्ट्रनिर्माताओं की स्मृति को संरक्षित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
धामी-नबीन की मौजूदगी से कार्यकर्ताओं में दिखा उत्साह
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन की मौजूदगी ने राजनीतिक एवं संगठनात्मक स्तर पर भी खास संदेश दिया। दोनों नेताओं ने सैनिक सम्मान, राष्ट्रहित और संगठन की सक्रिय भूमिका को केंद्र में रखते हुए कार्यक्रम में सहभागिता की। इस दौरान प्रदेश के विभिन्न जनप्रतिनिधियों, पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की भी मौजूदगी रही।
कार्यक्रम में प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट, सांसद अजय भट्ट, कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, राम सिंह कैड़ा सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं पार्टी पदाधिकारी उपस्थित रहे।
हल्द्वानी में आयोजित यह कार्यक्रम एक ओर जहां शहीदों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का अवसर बना, वहीं दूसरी ओर पूर्व सैनिकों के साथ संवाद के माध्यम से यह संदेश भी सामने आया कि राष्ट्र की सुरक्षा में योगदान देने वाले सैनिकों और उनके परिवारों का सम्मान केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारियों में शामिल है।

