देहरादून ; 19.08.2026।
देहरादून। उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन बुधवार से उत्तराखंड के दो दिवसीय दौरे पर देहरादून पहुंच रहे हैं। उनके कार्यक्रम को देखते हुए राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। साथ ही यातायात को सुचारु बनाए रखने के लिए पुलिस ने 19 और 20 अगस्त के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान लागू किया है। ऐसे में घर से निकलने से पहले लोगों के लिए अपने रूट की जानकारी रखना जरूरी होगा।
पुलिस के मुताबिक, उपराष्ट्रपति के आवागमन के दौरान कुछ प्रमुख सड़कों पर सामान्य यातायात को रोककर या वैकल्पिक मार्गों से संचालित किया जाएगा। इसका असर देहरादून शहर के साथ-साथ मसूरी, ऋषिकेश और हरिद्वार की ओर आने-जाने वाले वाहनों पर भी पड़ सकता है।
इन समयों में रहेगा यातायात डायवर्ट
19 अगस्त को दोपहर 1 बजे से 3:30 बजे तक यातायात व्यवस्था में बदलाव रहेगा। वहीं 20 अगस्त को सुबह 8:30 बजे से 10:30 बजे तक और दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक अलग-अलग मार्गों पर डायवर्जन लागू किया जाएगा।
देहरादून आने वालों के लिए वैकल्पिक मार्ग
रूट डायवर्जन के दौरान रानीपोखरी की ओर से आने वाले वाहनों को भोगपुर, थानो, 6 नंबर पुलिया, सहस्त्रधारा क्रॉसिंग और सर्वे चौक के रास्ते देहरादून शहर में प्रवेश कराया जाएगा। पुलिस ने वाहन चालकों से निर्धारित वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करने और अनावश्यक रूप से डायवर्जन वाले रास्तों पर जाने से बचने की अपील की है।
मसूरी जाने वालों को भी करना होगा रूट का ध्यान
मसूरी की ओर जाने वाले वाहनों के लिए सहस्त्रधारा क्रॉसिंग से आईटी पार्क और साईं मंदिर होते हुए आगे का मार्ग निर्धारित किया गया है। वीवीआईपी मूवमेंट के दौरान सुरक्षा कारणों से कुछ रास्तों पर थोड़े समय के लिए यातायात रोका या नियंत्रित किया जा सकता है।
पुलिस ने लोगों से की सहयोग की अपील
उपराष्ट्रपति के दौरे को लेकर पुलिस और यातायात विभाग के अधिकारी लगातार व्यवस्था की निगरानी करेंगे। लोगों से अपील की गई है कि वे जरूरी होने पर ही डायवर्जन वाले क्षेत्रों की ओर जाएं और पुलिसकर्मियों द्वारा बताए गए वैकल्पिक मार्गों का पालन करें। खासतौर पर 19 और 20 अगस्त को यात्रा पर निकलने वाले लोग अतिरिक्त समय लेकर घर से निकलें, ताकि रास्ते में संभावित बदलाव के कारण परेशानी न हो।
वीवीआईपी कार्यक्रम के दौरान यातायात का दबाव बढ़ने की संभावना को देखते हुए शहर के प्रमुख चौराहों और संपर्क मार्गों पर पुलिस की मौजूदगी भी बढ़ाई गई है। अधिकारियों का प्रयास रहेगा कि सुरक्षा व्यवस्था के साथ आम लोगों की आवाजाही भी अधिक प्रभावित न हो।

