16 july 2026 ; Dehradun!
देहरादून, 16 जुलाई 2026: उत्तराखंड में पिछले कुछ दिनों से जारी उमस और तेज गर्मी के बाद मौसम ने आखिरकार करवट ले ली है। बुधवार को देहरादून सहित कई इलाकों में हुई बारिश ने लोगों को गर्मी से राहत पहुंचाई, वहीं मौसम विभाग ने गुरुवार के लिए राज्य के पांच जिलों में भारी बारिश की संभावना जताते हुए येलो अलर्ट जारी किया है। जिन जिलों के लिए अलर्ट जारी किया गया है उनमें देहरादून, नैनीताल, पिथौरागढ़, चंपावत और बागेश्वर शामिल हैं।
चार दिनों की उमस के बाद राहतभरी बारिश
राजधानी देहरादून में पिछले चार दिनों से लगातार उमसभरी गर्मी लोगों के लिए परेशानी का कारण बनी हुई थी। गुरुवार सुबह तक मौसम सामान्य रहा और धूप भी निकली, लेकिन दोपहर बाद अचानक बादल घिर आए। इसके बाद शहर के कई हिस्सों में हल्की से तेज बारिश हुई, जिससे वातावरण में ठंडक घुल गई और तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई। शाम तक मौसम काफी सुहावना हो गया और लोगों ने राहत की सांस ली।
पर्वतीय क्षेत्रों में तेज बारिश की संभावना
मौसम विभाग के अनुसार राज्य के पर्वतीय जिलों में अगले कुछ दिनों तक बारिश की गतिविधियां और तेज हो सकती हैं। विशेष रूप से देहरादून, नैनीताल, पिथौरागढ़, चंपावत और बागेश्वर में कुछ स्थानों पर भारी वर्षा होने के आसार हैं। इसके अलावा अन्य पहाड़ी क्षेत्रों में भी रुक-रुक कर बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है।
बिजली चमकने और तेज बौछारों की चेतावनी
पूर्वानुमान के अनुसार पर्वतीय जिलों के साथ-साथ उधम सिंह नगर के कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है। कहीं-कहीं तेज से अति तेज बारिश के दौर भी देखने को मिल सकते हैं। ऐसे में खुले स्थानों, नदी-नालों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में अतिरिक्त सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है।
अगले कुछ दिनों तक सक्रिय रहेगा मानसून
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि प्रदेश में मानसून अब अधिक सक्रिय होने की ओर बढ़ रहा है। आने वाले दिनों में अधिकांश जिलों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर भारी वर्षा भी हो सकती है। कुमाऊं मंडल के कई क्षेत्रों में भी बारिश की गतिविधियां बनी रहने की संभावना है, जिससे तापमान सामान्य रहने और गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है।
लोगों से सतर्क रहने की अपील
बारिश के दौरान पहाड़ी मार्गों पर यात्रा करने वाले लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। तेज बारिश की स्थिति में जलभराव, फिसलन और पहाड़ी क्षेत्रों में मलबा गिरने जैसी घटनाओं की आशंका बनी रहती है। प्रशासन और मौसम विभाग ने नागरिकों से मौसम की ताजा जानकारी पर नजर रखने और आवश्यक होने पर ही यात्रा करने की अपील की है।

