9 july 2026 : dehradun!
केउत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को नई दिल्ली में केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से मुलाकात कर राज्य की रेल कनेक्टिविटी को मजबूत बनाने से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा की। इस दौरान उन्होंने मुंबई और उत्तराखंड के बीच सीधी एवं तेज रेल सेवाएं शुरू करने के साथ-साथ लंबे समय से निर्माणाधीन ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना पर जल्द संचालन शुरू कराने का अनुरोध किया।
मुख्यमंत्री ने रेल मंत्री से मुंबई और देहरादून के बीच वंदे भारत ट्रेन अथवा एक नई सुपरफास्ट एक्सप्रेस सेवा शुरू करने की मांग रखी। उनका कहना था कि उत्तराखंड और महाराष्ट्र के बीच बड़ी संख्या में यात्री, पर्यटक, विद्यार्थी और कामकाजी लोग नियमित रूप से यात्रा करते हैं। ऐसे में तेज और सुविधाजनक रेल सेवा शुरू होने से यात्रियों को काफी राहत मिलेगी और पर्यटन को भी नया बढ़ावा मिलेगा।
बैठक में मुख्यमंत्री ने मुंबई-हरिद्वार और मुंबई-रामनगर रेल सेवाओं की आवृत्ति बढ़ाने का भी आग्रह किया। उन्होंने सुझाव दिया कि इन ट्रेनों का संचालन नियमित रूप से या सप्ताह में कम से कम तीन दिन किया जाए, ताकि यात्रियों को बेहतर यात्रा विकल्प मिल सकें और टिकटों की उपलब्धता भी आसान हो।
इसके अलावा मुख्यमंत्री धामी ने वर्तमान में संचालित देहरादून-कोटा रेल सेवा का विस्तार सूरत, वडोदरा और मुंबई तक करने का प्रस्ताव भी रखा। उनका मानना है कि इससे उत्तराखंड के लोगों को पश्चिम भारत के प्रमुख औद्योगिक और व्यावसायिक शहरों तक सीधा रेल संपर्क मिलेगा, जिससे व्यापार, शिक्षा, रोजगार और पर्यटन के अवसरों में वृद्धि होगी।
मुख्यमंत्री ने ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना का भी विशेष रूप से उल्लेख करते हुए कहा कि यह उत्तराखंड की सबसे महत्वपूर्ण आधारभूत परियोजनाओं में से एक है। उन्होंने परियोजना के शेष कार्यों को तेजी से पूरा कर जल्द रेल संचालन शुरू कराने का अनुरोध किया, ताकि पर्वतीय क्षेत्रों के लोगों को बेहतर परिवहन सुविधा मिल सके और चारधाम यात्रा के साथ क्षेत्रीय विकास को भी नई गति प्राप्त हो।
बैठक के दौरान रेल संपर्क के विस्तार, यात्री सुविधाओं में सुधार और उत्तराखंड की परिवहन आवश्यकताओं को प्राथमिकता देने जैसे मुद्दों पर भी विस्तार से चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि केंद्र सरकार राज्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए इन प्रस्तावों पर सकारात्मक निर्णय लेगी।

